पटमदा के राज्य संचालित प्लस टू उच्च विद्यालय में हाल ही में एक विशेष अभियान के तहत विद्यार्थियों को जीवन रक्षक प्रशिक्षण प्रदान किया गया। यह आयोजन टाटा स्टील फाउंडेशन के सहयोग से आयोजित किया गया, जिसका उद्देश्य विद्यार्थियों को आपातकालीन परिस्थिति में त्वरित सहायता करने का प्रशिक्षण देना था। इस प्रशिक्षण में उन्हें हृदय पुनर्जीवन (सीपीआर), घुटन की स्थिति में राहत और सड़क दुर्घटनाओं के दौरान प्राथमिक उपचार की विधियाँ सिखाई गईं, जिससे वे किसी भी आपात स्थिति में मदद कर सकें।
प्रशिक्षण के दौरान विद्यार्थियों को व्यावहारिक अभ्यास भी कराया गया, ताकि वे सिखे हुए तकनीकों को वास्तविक जीवन में लागू कर सकें। इस कार्यक्रम में टाटा मेन अस्पताल के चिकित्सक डॉ. प्रभाल कुमार घोष ने छात्रों को प्रशिक्षण दिया। उन्होंने सही विधि से हृदय पुनर्जीवन करने और आपात स्थिति में त्वरित सहायता का महत्व समझाया। विद्यार्थियों का आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए चिकित्सक ने अभ्यास भी करवाया।
विद्यालय के प्राचार्य डॉ. मिथिलेश कुमार ने इस प्रशिक्षण के महत्व को स्वीकार करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम सामाजिक जिम्मेदारी और मानव सेवा की भावना को जागरूक बनाते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि जागरूक नागरिक बनकर आपातकालीन स्थिति में दूसरों की मदद करना हमारा दायित्व है, और यह प्रशिक्षण केवल जानकारी तक सीमित नहीं रहकर जीवन बचाने में अहम भूमिका निभा सकता है।




